Under the Goonda Act, the accused was banished from the district for six months and was banished by the Doon police with drums and trumpets.
देहरादून पुलिस ने 16 जनवरी 2026 को दिव्यकांत लखेड़ा को गुंडा अधिनियम की धारा 3(3) के तहत 06 माह के लिए जिला बदर कर दिया। इसे लागू करते हुए पुलिस ने ढोल-नगाड़ों के साथ अभियुक्त की बारात निकाल कर उसे जनपद सीमा आशारोड़ी से बाहर, थाना क्षेत्र जनपद सहारनपुर (उत्तर प्रदेश) में छोड़ा।
अभियुक्त को स्पष्ट हिदायत दी गई है कि 06 माह की अवधि तक देहरादून जनपद की सीमा में प्रवेश करने पर उसके खिलाफ विधिक कार्रवाई की जाएगी। सहारनपुर पुलिस को भी इसकी जानकारी दी गई।
