Questions surround the death of notary advocate Puran Singh Bhakuni, police investigation underway
नोटरी अधिवक्ता पूरन सिंह भाकुनी की संदिग्ध मौत का मामला अब और गहराता भी जा रहा है। एक ओर पुलिस उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर इसे आत्महत्या मानकर जांच आगे बढ़ा रही है, वहीं दूसरी ओर मृतक के करीबी अधिवक्ता घटनास्थल से मिले साक्ष्यों पर भी सवाल उठा रहे हैं।
मामले में अभी तक परिजनों की ओर से कोई तहरीर ही नहीं दी गई है। मंगलवार को तल्लीताल पुलिस ने घटनास्थल के पार्किंग क्षेत्र व आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी भी शुरू कर दी है। साथ ही पिछले कुछ दिनों की रिकॉर्डिंग भी देखी जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि मृतक किन-किन स्थानों पर गया और किससे ही मिला।
पुलिस मृतक के परिजनों व करीबियों से भी लगातार पूछताछ कर रही है, जिससे पूरे घटनाक्रम की सच्चाई भी सामने लाई जा सके। हालांकि अब तक परिवार या जिला बार के अधिवक्ताओं की ओर से कोई औपचारिक शिकायत भी दर्ज नहीं कराई गई है।
इस संबंध में थाना प्रभारी मनोज नयाल ने बताया कि सुरक्षा के लिहाज से मृतक की कार को कब्जे में लेकर थाने में खड़ा भी कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि मामले की हर पहलू से जांच भी की जा रही है और सभी तथ्यों को ध्यान में रखते हुए आगे की कार्रवाई भी की जाएगी।
फिलहाल, पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट व जांच के निष्कर्ष आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि यह मामला आत्महत्या का है या इसके पीछे कोई अन्य कारण भी है।
