उत्तराखण्ड पुलिस की चारधाम यात्रा-2025 के लिए व्यापक तैयारियाँ शुरू
चारधाम यात्रा की सुरक्षा और सुगमता के लिए IG गढ़वाल रेंज को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया
चारधाम यात्रा-2025 की सफलता और श्रद्धालुओं के सुरक्षित आवागमन को सुनिश्चित करने के लिए उत्तराखण्ड पुलिस ने व्यापक तैयारियाँ शुरू कर दी हैं। इस वर्ष यात्रा को और भी सुगम और सुरक्षित बनाने के लिए कई नई व्यवस्थाएं की जा रही हैं।
नोडल अधिकारी नियुक्त, ‘चारधाम यात्रा कन्ट्रोल रूम’ की स्थापना:
उत्तराखंड पुलिस द्वारा चारधाम यात्रा के संचालन के लिए आईजी गढ़वाल रेंज राजीव स्वरूप को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। वे यात्रा मार्गों और प्रमुख ठहराव स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन, भीड़ प्रबंधन और आपदा से निपटने की तैयारियों की निगरानी करेंगे।
इसके अलावा, गढ़वाल रेंज कार्यालय में “चारधाम यात्रा कन्ट्रोल रूम” भी स्थापित किया गया है। इस रूम के प्रभारी एसपी ट्रैफिक देहरादून, लोकजीत सिंह होंगे। कन्ट्रोल रूम में रजिस्ट्रेशन, ट्रैफिक प्रवाह, पार्किंग व्यवस्था, ड्यूटी का प्रबंधन, सुरक्षा व्यवस्था, और आपदा प्रबंधन सहित कई विभागों के समन्वय के लिए विशेष डेस्क स्थापित की जाएंगी। यह कन्ट्रोल रूम अगले पांच दिनों में पूरी तरह से सक्रिय हो जाएगा और यात्रा की स्थिति पर दैनिक अपडेट प्रदान करेगा।
यात्रा मार्गों का विभाजन, पुलिस बल की तैनाती:
चारधाम यात्रा के मार्ग को 15 सुपर जोन, 41 जोन और 137 सेक्टरों में विभाजित किया गया है। प्रत्येक सेक्टर में 02 पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे और इन पर 24×7 निगरानी रखी जाएगी। इस वर्ष यात्रा मार्गों पर समुचित सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए 9 अपर पुलिस अधीक्षकों को रूट प्रभारी के रूप में नियुक्त किया गया है, जो अपने-अपने क्षेत्र में यात्रा की व्यवस्था की निगरानी करेंगे।
कुल मिलाकर 24 पुलिस उपाधीक्षकों, 66 निरीक्षकों, 366 उपनिरीक्षकों, 615 हेड कान्सटेबल्स, 1222 कान्सटेबल्स, 208 महिला कान्सटेबल्स, 926 होमगार्ड्स, 1049 पीआरडी जवानों और 26 एसडीआरएफ की सब टीमों की नियुक्ति की जाएगी।
यातायात एवं पार्किंग व्यवस्था:
यात्रा के दौरान यातायात व्यवस्था को सुसंगत रखने के लिए पुलिस महानिरीक्षक यातायात ने यात्रा मार्गों का स्थलीय निरीक्षण किया है और एक व्यापक ब्लूप्रिंट तैयार किया गया है। साथ ही, नए एक्सप्रेसवे के शुभारंभ को देखते हुए यमुनोत्री मार्ग पर अतिरिक्त पार्किंग और हॉल्टिंग क्षेत्रों की व्यवस्था की जा रही है।
ऋषिकेश और विकासनगर क्षेत्र में भी ट्रांजिट कैंप स्थापित किए जाएंगे, जहां यात्रियों और वाहनों के प्रबंधन की जिम्मेदारी संबंधित एसपी के अधीन होगी।
बल तैनाती एवं प्रशिक्षण:
इस वर्ष, पुलिस बल, एसडीआरएफ, होमगार्ड्स, पीआरडी और पीएसी की अधिक संख्या में तैनाती की जाएगी। सभी तैनात बलों को यात्रा प्रबंधन और सुरक्षा से जुड़ी आवश्यक प्रशिक्षण दिया जाएगा।
सम्पूर्ण यात्रा की निगरानी:
चारधाम यात्रा की समस्त गतिविधियों की निगरानी और समन्वय के लिए वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा नियमित अपडेट्स प्रदान किए जाएंगे।
इस प्रकार, उत्तराखण्ड पुलिस की ओर से चारधाम यात्रा-2025 के लिए तैयारियाँ जोरों पर हैं, ताकि श्रद्धालुओं का यात्रा अनुभव सुरक्षित, सुखद और सुव्यवस्थित हो।