राज्य आंदोलनकारियों ने डीएम से लगाई गुहार, चिन्हीकरण और नौकरी प्रक्रिया जल्द पूरी करने की मांग
देहरादून। उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलनकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने चिन्हित राज्य आंदोलनकारी संयुक्त समिति के केंद्रीय मुख्य संरक्षक धीरेंद्र प्रताप व उत्तराखंड आंदोलनकारी मंच के अध्यक्ष जगमोहन नेगी के नेतृत्व में नवनियुक्त जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान से मुलाकात कर आंदोलनकारियों के चिन्हीकरण व लंबित नौकरी प्रक्रिया को शीघ्र पूरा करने की मांग की।
आंदोलनकारियों ने कहा कि राज्य आंदोलनकारी चिन्हीकरण की प्रक्रिया पिछले 6 महीने से लंबित है, लेकिन अब तक किसी भी आंदोलनकारी का चिन्हीकरण ही नहीं हो पाया है। साथ ही जिन आंदोलनकारियों की नौकरी संबंधी प्रक्रिया भी चल रही थी, वह भी अधूरी रह गई है।
जिलाधिकारी ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि लंबित नौकरी प्रक्रिया को पूरा करने का प्रयास भी किया जाएगा। वहीं चिन्हीकरण प्रक्रिया की समयसीमा समाप्त होने के संबंध में उन्होंने कहा कि आंदोलनकारियों के ज्ञापन के आधार पर सरकार को प्रस्ताव भेजकर अवधि बढ़ाने का अनुरोध भी किया जाएगा।
धीरेंद्र प्रताप ने आरोप लगाया कि राज्य आंदोलनकारियों के साथ न्याय नहीं हुआ है व पूर्व में दिया गया आश्वासन पूरा नहीं हो सका। उन्होंने मांग की कि चिन्हीकरण प्रक्रिया की अवधि 6 माह व बढ़ाई जाए ताकि सभी पात्र आंदोलनकारियों को लाभ मिल सके।
आंदोलनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि 15 दिनों के भीतर मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई तो जून के तीसरे सप्ताह में राज्यभर के आंदोलनकारी फिर से सीएम का घेराव करने के लिए मजबूर होंगे। इस दौरान कई महिला और वरिष्ठ आंदोलनकारियों ने भी सरकार के रवैये पर नाराजगी भी जताई।