Major ISI plot foiled in Dehradun! Suspected terrorist Vikrant arrested, interrogation reveals sensational revelations.
देहरादून के झाझरा क्षेत्र से गिरफ्तार संदिग्ध विक्रांत कश्यप मामले में जांच एजेंसियों को कई अहम सुराग भी मिले हैं। शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी पाकिस्तान स्थित हैंडलर्स व ISI से जुड़े नेटवर्क के संपर्क में था और संवेदनशील सरकारी व सैन्य ठिकानों की तस्वीरें और लोकेशन साझा कर रहा था।
एसटीएफ के अनुसार, विक्रांत डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए पाकिस्तानी आतंकी शहजाद भट्टी व अन्य हैंडलर्स के संपर्क में आया था। उसे देहरादून के ISBT, पुलिस मुख्यालय व अन्य महत्वपूर्ण सरकारी संस्थानों की रेकी कर वीडियो और फोटो भेजने का काम सौंपा गया था। जांच में यह भी सामने आया है कि मॉड्यूल के सदस्य अलग-अलग जिम्मेदारियों के साथ भी काम कर रहे थे, ताकि किसी एक के पकड़े जाने पर पूरा नेटवर्क उजागर ही न हो।
STF ने आरोपी के पास से एक .32 बोर पिस्टल, 7 जिंदा कारतूस, स्प्रे पेंट कैन व मोबाइल फोन भी बरामद किया है। पूछताछ में कई संवेदनशील जानकारियां भी मिली हैं और उसके इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की फॉरेंसिक जांच भी कराई जा रही है। एजेंसियां अब नेटवर्क के अन्य सदस्यों, फंडिंग सोर्स व संभावित टारगेट्स की गहन जांच में भी जुटी हैं।
सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि समय रहते की गई इस कार्रवाई से एक बड़ी साजिश को नाकाम भी किया गया है। विक्रांत से पूछताछ के आधार पर उत्तर प्रदेश, दिल्ली व राजस्थान तक फैले संभावित लिंक भी खंगाले जा रहे हैं, जबकि संवेदनशील इलाकों में निगरानी और भी बढ़ा दी गई है।
