Son sentenced to 6 months in jail in cheque bounce case for failing to keep promise made to mother.
देहरादून की अदालत ने चेक बाउंस मामले में एक बेटे को अपनी मां के साथ आर्थिक धोखाधड़ी का दोषी ठहराते हुए 6 माह के साधारण कारावास व 10.05 लाख रुपये के जुर्माने की सजा भी सुनाई है। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट अभिषेक कुमार श्रीवास्तव की अदालत ने यह फैसला कांता रानी द्वारा अपने बेटे सुनील कुमार के खिलाफ दायर मामले में ही सुनाया।
मामले के अनुसार, सुनील कुमार ने एक व्यावसायिक संपत्ति की बिक्री के बाद मां को 50 लाख रुपये देने का वादा भी किया था। 25 लाख रुपये देने के बाद शेष राशि के लिए 3 पोस्ट-डेटेड चेक दिए गए, जिनमें से 10 लाख रुपये का एक चेक बैंक में बाउंस ही हो गया। कानूनी नोटिस के बावजूद भुगतान नहीं होने पर मामला अदालत में पहुंचा।
सुनवाई के दौरान पोती आंचल त्रिहान ने भी अपनी दादी के पक्ष में गवाही भी दी। अदालत ने आरोपी को दोषी मानते हुए सजा सुनाई व जुर्माने की अधिकांश राशि वादी को देने के आदेश दिए। जुर्माना न चुकाने पर आरोपी को एक माह अतिरिक्त जेल की सजा भी भुगतनी होगी।
