On Guru Purnima, Minister Ganesh Joshi took blessings from his mother and teachers, said- Guru decides the direction of life
देहरादून। गुरु पूर्णिमा के शुभ अवसर पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने आज दिन की शुरुआत अपनी माता मोहनी जोशी का आशीर्वाद लेकर की और कहा कि “बच्चे की सबसे पहली गुरु उसकी माँ होती है। उन्होंने कहा कि जब एक शिशु जन्म लेकर दुनिया में आता है तो सबसे पहला शब्द जो उसके मुख से निकलता है, वह होता है – “माँ”। उन्होंने कहा, कि “माता न केवल जीवन देती है, बल्कि उसमें संस्कार, शिक्षा और प्रेरणा का बीजारोपण भी करती है। माँ ही बालक को जीवन की दिशा देती है, उसमें आत्मबल का संचार करती है।
इसके पश्चात मंत्री गणेश जोशी देहरादून कैंट विधायक सविता कपूर के इंद्रानगर स्थित आवास पहुंचे और अपनी गुरु माता सविता कपूर को नमन करते हुए उनका आशीर्वाद भी लिया। उन्होंने इस अवसर पर अपने राजनीतिक जीवन के मार्गदर्शक और गुरु स्वर्गीय हरबंश कपूर को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए कहा कि “आज मैं जो कुछ भी हूँ, वह अपने गुरु हरबंश कपूर और गुरु माता सविता कपूर जी की कृपा और मार्गदर्शन से ही हूँ। मंत्री जोशी ने कहा कि गुरु-शिष्य परंपरा भारतीय संस्कृति की आत्मा है। यह परंपरा हमें केवल ज्ञान ही नहीं देती, बल्कि जीवन जीने की दिशा और दृष्टि भी प्रदान करती है। उन्होंने कहा कि “गुरुजन हमारे व्यक्तित्व का निर्माण करते हैं और हमें समाज व राष्ट्र के प्रति जिम्मेदार नागरिक बनाते हैं।
इस अवसर पर मंत्री गणेश जोशी ने प्रदेशवासियों को गुरु पूर्णिमा की हार्दिक शुभकामनाएं दीं और आह्वान किया कि “हम सभी अपने जीवन में गुरुओं द्वारा दिए गए ज्ञान और मूल्यों को आत्मसात कर आगे बढ़ें और राष्ट्र निर्माण में अपना योगदान दें।
