Hotel operator misbehaved, beat and abused the pilgrims who had come for Kedarnath Yatra; arrested
रुद्रप्रयाग (फाटा)। बाबा केदारनाथ के दर्शन के लिए राजस्थान से आए 26 श्रद्धालुओं के दल को होटल में ठहरना महंगा ही पड़ गया। फाटा स्थित होटल के संचालक ने श्रद्धालुओं के साथ अभद्र व्यवहार, गाली-गलौज व मारपीट की। यही नहीं, श्रद्धालुओं को होटल लौटने पर उन्हें सामान सड़क पर फेंका हुआ भी मिला। मामले की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी होटल संचालक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया, जबकि यात्रियों के साथ आए 2 ट्रिप गाइडों का भी चालान किया गया।
क्या है मामला?
राजस्थान से 26 सदस्यीय यात्रा दल 22 जून को केदारनाथ यात्रा पर फाटा पहुंचा व उन्होंने “टू द वाइल्ड” होटल में कमरे बुक किए। 23 जून को यात्रियों ने बाबा केदार के दर्शन के लिए रवानगी भी ली। 24 जून को जब वे दर्शन के बाद वापस लौटे, तो देखा कि उनका सामान होटल के बाहर भी फेंका गया था। जब इस पर उन्होंने आपत्ति जताई, तो होटल संचालक ने न सिर्फ गाली-गलौज की, बल्कि मारपीट पर भी उतारू हो गया।
मौके पर पहुंची पुलिस, होटल संचालक गिरफ्तार
घटना की सूचना पर फाटा चौकी से पुलिस टीम मौके पर पहुंची, जहां होटल संचालक आकाश त्यागी (निवासी गाजियाबाद, उत्तर प्रदेश) लगातार हंगामा भी कर रहा था। पुलिस ने उसे समझाने की कोशिश भी की, लेकिन जब उसने नहीं माना तो शांति भंग करने के आरोप में गिरफ्तार कर गुप्तकाशी थाना में लाया गया, और फिर उसे उखीमठ के उपजिला मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश कर न्यायिक हिरासत में जेल में भेज दिया गया।
गाइडों पर भी कार्रवाई
घटना के दौरान यात्रियों के साथ आए ट्रिप गाइड अंकित (निवासी भागलपुर, बिहार) और यश कार्तिकेय (निवासी वेस्ट दिल्ली) को भी यात्रियों की समुचित व्यवस्था न करने व विवाद शांत न करा पाने पर उत्तराखंड पुलिस अधिनियम के तहत चालान भी किया गया।
पुलिस अधीक्षक का सख्त संदेश
एसपी अक्षय प्रह्लाद कोंडे ने कहा:
“यात्रियों व श्रद्धालुओं के साथ किसी भी प्रकार की अभद्रता व दुर्व्यवहार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यात्रा मार्ग पर सभी संबंधितों को जिम्मेदारी से व्यवहार भी करना होगा।”
