VHP's two-day conference in Haridwar — Deliberations on the family system, Sanatan culture, and cow protection.
हरिद्वार। विश्व हिंदू परिषद (VHP) की केंद्रीय मार्गदर्शक मंडल का दो दिवसीय सम्मेलन गुरुवार से हरिद्वार के भूपतवाला स्थित निष्काम सेवा ट्रस्ट आश्रम में शुरू भी हुआ। बैठक के पहले दिन देश के सामने मौजूद वर्तमान चुनौतियों, सनातन संस्कृति के संरक्षण व गौ सुरक्षा जैसे विषयों पर गहन चर्चा हुई। विहिप के केंद्रीय पदाधिकारियों के साथ सैकड़ों साधु-संत व धर्माचार्य भी सम्मेलन में शामिल हुए।
परिवार व्यवस्था पर चिंता
विश्व हिंदू परिषद के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार ने कहा कि देश में परिवार व्यवस्था का कमजोर पड़ना गंभीर चिंता का विषय भी है। उन्होंने कहा कि हिंदू परिवारों में संस्कारों को मजबूत किया जाना चाहिए। बैठक में लिव-इन संबंधों और समलैंगिक विवाह जैसी प्रवृत्तियों को लेकर भी विचार-विमर्श हुआ व इन विचारों की समीक्षा किए जाने की बात कही गई।
बंगाल चुनाव पर विहिप का रुख
आलोक कुमार ने हाल ही में हुए बंगाल चुनाव में भाजपा की जीत को हिंदू समाज की जीत बताया व कहा कि इस नतीजे ने यह साबित कर दिया है कि तुष्टीकरण की राजनीति अब नहीं चलेगी। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर भी तीखा हमला बोला।
संतों ने की सनातन धर्म की व्याख्या
सम्मेलन में उपस्थित साधु-संतों ने अपने संबोधन में कहा कि सनातन धर्म केवल एक पूजा पद्धति नहीं, बल्कि विश्वबंधुत्व व मानवता का संदेश देने वाली जीवन शैली है। संत समाज ने विहिप के सेवा कार्यों की सराहना करते हुए समाज को जागरूक व संगठित बनाने के लिए व्यापक जनजागरण अभियान चलाने की आवश्यकता भी जताई।
बैठक में निरंजन पीठाधीश्वर स्वामी कैलाशानंद गिरी महाराज व महानिर्वाणी अखाड़े के आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी विशोकानंद भारती महाराज सहित सैकड़ों संत भी उपस्थित रहे।
आज सम्मेलन का दूसरा दिन — CM धामी हो सकते हैं शामिल
शुक्रवार को सम्मेलन के दूसरे चरण में सनातन से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर भी चर्चा होगी। सूत्रों के अनुसार आज मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सहित कई अन्य प्रमुख संत भी बैठक में शामिल भी हो सकते हैं।
