Heavy rain alert in hilly districts amid humid heat in Uttarakhand, many roads still closed
देहरादून। प्रदेशभर में पिछले कुछ दिनों से बारिश थमने के बाद जहां लोगों को राहत भी मिली है, वहीं अब उमस भरी गर्मी ने लोगों को परेशान भी करना शुरू कर दिया है। यह स्थिति मैदानी इलाकों के साथ-साथ पर्वतीय क्षेत्रों तक देखने को मिल रही है।
इधर, मौसम विभाग ने राज्य के पर्वतीय जिलों में तेज बारिश की संभावना भी जताई है और येलो अलर्ट भी जारी किया है। वहीं, मैदानी इलाकों में गर्जन व बिजली चमकने के आसार बने हुए हैं। विभाग के अनुसार 14 सितंबर तक प्रदेशभर में हल्की बारिश का दौर जारी ही रह सकता है।
सड़कें बनी बड़ी चुनौती
आपदा प्रबंधन सचिव विनोद कुमार सुमन ने बताया कि इस वर्ष औसत से अधिक बारिश से सड़कों को भारी नुकसान भी हुआ है। अगस्त में जहां सामान्यतः 300 से 350 मिमी बारिश होती है, वहीं इस वर्ष 554 मिमी बारिश दर्ज भी की गई। इसके चलते अब तक 1786 सड़कें बंद हुईं, जिनमें से 1706 को खोल दिया गया है, जबकि 80 सड़कें अभी बंद ही हैं।
उन्होंने कहा कि लगातार बारिश के कारण कई मार्ग बार-बार अवरुद्ध भी हो रहे हैं, जिससे स्थानीय परिसंपत्तियों को नुकसान भी पहुंचा है। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए हैं कि मानसून खत्म होते ही सभी सड़कों को पूरी तरह खोलकर गड्ढामुक्त भी किया जाए।
चारधाम मार्गों पर खतरे के निशान
सचिव सुमन ने बताया कि
चारधाम यात्रा मार्गों को लगातार खोलने की कोशिशें भी की जा रही हैं। गंगोत्री व यमुनोत्री मार्ग फिलहाल खुले हैं, लेकिन कई स्थानों पर खतरनाक हालात बने हुए हैं। इन स्थलों को सुरक्षित बनाने का काम तेजी से भी जारी है।
