उत्तराखंड में लागू हुई ‘विकसित भारत ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना’, मजदूरी बढ़कर 300 रुपये प्रतिदिन; 125 दिन मिलेगा रोजगार

देहरादून: उत्तराखंड में ग्रामीण श्रमिकों के लिए राहत भरी खबर भी है। केंद्र सरकार की नई विकसित भारत ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (वीबी-जी राम जी) बुधवार, 1 जुलाई से राज्य में लागू भी हो गई है। नई योजना के तहत श्रमिकों की दैनिक मजदूरी में 48 रुपये की बढ़ोतरी भी की गई है। अब पात्र श्रमिकों को 300 रुपये प्रतिदिन की मजदूरी भी मिलेगी।

केंद्र सरकार ने मनरेगा की जगह पूरे देश में वीबी-जी राम जी योजना लागू भी की है। इसके साथ ही उत्तराखंड में भी नई व्यवस्था प्रभावी भी हो गई है। योजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ाने के साथ-साथ विकास कार्यों को गति भी देना है।

100 की जगह अब 125 दिन मिलेगा रोजगार

नई योजना के तहत श्रमिकों को पहले की तुलना में अधिक रोजगार भी मिलेगा। जहां मनरेगा के अंतर्गत 100 दिनों के रोजगार की गारंटी थी, वहीं अब 125 दिनों तक काम उपलब्ध भी कराया जाएगा। इसके अलावा योजना के दायरे को भी विस्तारित भी किया गया है।

जल संरक्षण और आपदा राहत कार्यों को मिलेगा बढ़ावा

वीबी-जी राम जी योजना के तहत ग्रामीण आजीविका से जुड़े कार्यों के अलावा जल संरक्षण, आपदा राहत, प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण व ग्रामीण आधारभूत ढांचे के विकास से जुड़े कार्य भी कराए जाएंगे। इससे रोजगार सृजन के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में स्थायी विकास को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद भी है।

प्रदेश में लाखों श्रमिकों को मिलेगा लाभ

पूर्व में संचालित मनरेगा योजना के तहत उत्तराखंड में करीब 10 लाख जॉब कार्ड भी जारी किए गए थे। इनमें से वर्तमान में 6.73 लाख जॉब कार्ड धारक भी सक्रिय हैं। वित्तीय वर्ष 2025-26 में दिसंबर तक 4.42 लाख श्रमिकों ने रोजगार की मांग भी की थी, जिनमें से 3.52 लाख लोगों को काम उपलब्ध भी कराया गया।

नई योजना के लागू होने से राज्य के लाखों ग्रामीण श्रमिकों को अधिक रोजगार, बेहतर मजदूरी व विकास कार्यों में व्यापक भागीदारी का लाभ मिलने की उम्मीद भी है।