उत्तराखंड में यूसीसी लागू, तत्काल विवाह पंजीकरण पर भारी शुल्क वसूलने का नया नियम
उत्तराखंड में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू हो गई है। अब यदि कोई व्यक्ति तत्काल विवाह का पंजीकरण कराना चाहता है, तो उसे सामान्य शुल्क से करीब 10 गुना अधिक राशि अदा करनी होगी। इस सुविधा के तहत, 2500 रुपये देकर 3 दिन के भीतर विवाह का पंजीकरण कराया जा सकता है, जबकि सामान्य पंजीकरण शुल्क 250 रुपये है।
लिव-इन संबंधों के पंजीकरण और समाप्ति के लिए शुल्क सामान्य पंजीकरण शुल्क से दोगुना भी होगा। हालांकि, इनसे जुड़ा कोई जुर्माना अभी तक सार्वजनिक नहीं किया गया है।
यह हैं शुल्क:
- विवाह पंजीकरण: 250 रुपये
- तलाक पंजीकरण: 250 रुपये
- लिव-इन पंजीकरण: 500 रुपये
- लिव-इन समाप्ति पंजीकरण: 500 रुपये
- तत्काल विवाह पंजीकरण: 2500 रुपये
- प्रमाणपत्र प्राप्ति: 100 रुपये
- प्रतिबंधित प्रमाणपत्र: 500 रुपये
- पिछली जानकारी प्राप्त करना: 150 रुपये
अब तक 9 विवाहों का पंजीकरण हुआ मुख्य कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को उनके विवाह का पंजीकरण प्रमाणपत्र प्रदान किया गया। इसके अतिरिक्त, जिन 5 अन्य लोगों ने पहले पंजीकरण कराया था, उन्हें भी प्रमाणपत्र दिए गए। इनमें निकिता नेगी रावत, मनोज रावत, अंजना रावत, मीनाक्षी और अंजली शामिल हैं। यूसीसी डैशबोर्ड पर अब तक 9 विवाहों का पंजीकरण दर्शाया जा रहा है, जबकि अन्य सेवाओं के पंजीकरण की जानकारी अभी तक प्राप्त नहीं हुई है।
एक से अधिक शादियां होने पर सभी का विवरण देना होगा यूसीसी के तहत, उन व्यक्तियों का पंजीकरण किया जाएगा जिनकी एक से अधिक शादियां वैध थीं। ऐसे मामलों में, यदि कोई व्यक्ति पहले से एक से अधिक विवाह कर चुका है, तो उसे हर विवाह का विवरण देना होगा। बशर्ते कि ये शादियां वैध मानी जाती हों। इस स्थिति में, सभी विवाहों का पंजीकरण भी किया जा सकता है।