महिला को ब्लैकमेल करने के आरोप में तीन गिरफ्तार, धमकी देकर अश्लील फोटो वायरल करने का मामला
दिल्ली के शातिर ब्लैकमेलर आये दून पुलिस की गिरफ्त में महिला की मॉर्फ़ की गई अश्लील फोटो और वीडियो वायरल करने की धमकी देकर उसे ब्लैकमेल करते हुए पैसों की डिमांड कर रहे थे अभियुक्त गिरफ्तार तीनो अभियुक्त पूर्व में कॉल सेंटर में करते थे काम इंटरनेट के माध्यम से लोन की जानकारी अथवा लोन प्राप्त करने वाले लोगो और उनके रिश्तेदारों के नंबर कॉल सेंटर के माध्यम से किये थे प्राप्त महिलाओं/अन्य लोगो को लोन वसूली का डर दिखाकर करते थे उनके पर्सनल डेटा की जानकारी अभियुक्त महिलाओं के नंबरो को करते थे टारगेट, प्रोफाइल से उनकी फोटो प्राप्त कर उसमें एडिटिंग कर बनाते थे मॉर्फ़ की गई फोटो और वीडियो उन मॉर्फ की गई अश्लील फोटो और विडियो को रिस्तेदारों अथवा इंटरनेट के माध्यम से वायरल करने की धमकी देकर करते थे ब्लैकमेलिंग ब्लैकमेलिंग में अभियुक्तों द्वारा वर्चुअल नंबरो के साथ चोरी के मोबाइल तथा लैपटॉप का किया जाता था इस्तेमाल
31 जनवरी 2025 को थाना नेहरू कालोनी में एक महिला द्वारा प्रार्थना पत्र दर्ज कराया गया, जिसमें उसने अज्ञात अभियुक्तों के खिलाफ शिकायत की थी। आरोप था कि अभियुक्तों ने महिला और उसके परिवार के लोगों को विभिन्न मोबाइल नंबरों से गालियाँ दीं और जान से मारने की धमकी दी। इसके साथ ही महिला और उसके परिवार के सदस्य की मॉर्फ की गई अश्लील तस्वीरें और वीडियो बनाकर उनके व्हाट्सएप नंबरों पर भेजकर ब्लैकमेल किया गया। इस शिकायत के आधार पर थाना नेहरू कालोनी में आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून ने पुलिस टीम का गठन कर अभियुक्तों के खिलाफ ठोस कार्रवाई करने के निर्देश दिए। पुलिस टीम ने सर्विलांस के माध्यम से संदिग्ध मोबाइल नंबरों की जांच की और महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए। इसके बाद, 8 फरवरी 2025 को दिल्ली-गुड़गांव से 3 संदिग्ध व्यक्तियों को हिरासत में लिया गया और थाना नेहरू कालोनी में पूछताछ के लिए लाया गया।
पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि वे तीनों पहले कॉल सेंटर में काम करते थे, जहां से लोन लेने वालों के नंबर प्राप्त कर उन्हें वर्चुअल नंबरों से संपर्क किया जाता था। इसके बाद, वे लोन की वसूली के नाम पर लोगों को धमकाकर उनका व्यक्तिगत डेटा और परिवार के सदस्यों के नाम और नंबर प्राप्त करते थे। अभियुक्तों ने महिलाओं के मोबाइल नंबरों को टारगेट किया और उनकी प्रोफाइल की तस्वीरों को एडिट कर अश्लील मॉर्फ की गई तस्वीरें भेजीं। इसके बाद, उन्हें वायरल करने की धमकी देकर यूपीआई के माध्यम से पैसे की वसूली की जाती थी।
अभियुक्तों से मिली जानकारी के आधार पर संबंधित धाराओं में वृद्धि की गई और 9 फरवरी 2025 को तीनों अभियुक्तों को न्यायालय में पेश किया गया। न्यायालय के आदेशानुसार तीनों अभियुक्तों को जिला कारागार सुद्धोवाला भेज दिया गया।