पेपर लीक मामले में CBI की रफ्तार तेज, जल्द खत्म हो सकती है जांच; अभ्यर्थियों को मिली उम्मीद
पेपर लीक प्रकरण में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) तेजी से कार्रवाई भी कर रही है। एजेंसी फिलहाल 21 सितंबर को हुए परीक्षा के केवल एक संबंधित सेंटर पर केंद्रित होकर जांच भी कर रही है। इसी कारण पहले सुमन की गिरफ्तारी भी हुई और 3 दिन बाद बॉबी पंवार को पूछताछ के लिए बुलाया गया। माना जा रहा है कि सरकार पर भी इस परीक्षा को दोबारा कराने का दबाव है, जिसके चलते एजेंसी पर जांच जल्द निपटाने का भार भी बढ़ गया है।
सरकार ने पेपर लीक सामने आने के बाद परीक्षा भी रद्द कर दी थी। अभ्यर्थियों की मांग है कि यह परीक्षा 3 महीने के भीतर दोबारा कराई जाए, लेकिन फिलहाल CBI जांच पूरी हुए बिना आयोग भी आगे बढ़ने के मूड में नहीं है। इस बीच 2 महीने बीत चुके हैं और उम्मीदवारों का भविष्य अधर में ही अटका है।
सूत्रों का कहना है कि यदि CBI को केवल एक ही सेंटर — बहादरपुर जट — पर अनियमितताओं के प्रमाण भी मिलते हैं, तो बाकी सेंटरों के परिणाम जारी करने पर विचार भी हो सकता है। इससे परीक्षा की शुचिता भी बनी रहेगी और अधिकांश अभ्यर्थियों को दोबारा परीक्षा भी नहीं देनी पड़ेगी। केवल संबंधित सेंटर के छात्रों के लिए पुनर्परीक्षा भी कराई जा सकती है।
जांच में सामने आया है कि CBI ने बॉबी पंवार से भी इसी सेंटर से जुड़े सवालों पर पूछताछ भी की। इसके अलावा किसी अन्य सेंटर का मामला एजेंसी के दायरे में ही नहीं आया है।
इसी परीक्षा से ठीक एक दिन पहले जिला पुलिस ने हाकम सिंह और उसके साथी को गिरफ्तार भी किया था। आरोप था कि वह परीक्षा में गड़बड़ी भी करा सकता है। अब CBI उसके रोल की भी जांच भी कर सकती है। बॉबी पंवार ने भी इस संबंध में CBI से गहराई से जांच की मांग की है और इसकी जानकारी सोशल मीडिया पर साझा भी की है।
इस बीच अभ्यर्थियों को उम्मीद है कि जांच जल्द पूरी होगी और उनका भविष्य अटकने से भी बचेगा।