The ceremonial palanquin of Rudranath has reached Devaldhar; today, it will be enshrined at the Gopinath Temple.
चमोली। चतुर्थ केदार भगवान रुद्रनाथ की चल विग्रह उत्सव डोली रविवार को रात्रि प्रवास के लिए देवलधार गांव स्थित ज्वाला माता मंदिर पहुंची। यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भगवान रुद्रनाथ के दर्शन कर पूजा-अर्चना की। सोमवार को डोली अपने शीतकालीन गद्दीस्थल गोपेश्वर के गोपीनाथ मंदिर में विराजमान होगी।
रविवार सुबह करीब आठ बजे भगवान रुद्रनाथ की उत्सव डोली भक्तों के साथ मंदिर से देवलधार गांव के लिए रवाना हुई। डोली रामगंगा, पित्रधार, पनार, ल्वींठी और पुंग बुग्याल से होते हुए ग्वाड़ गांव के जाख मंदिर पहुंची। यहां पूजा-अर्चना के बाद ग्रामीणों ने भगवान रुद्रनाथ को अर्घ्य अर्पित किया। इसके बाद डोली ने देवलधार गांव के लिए प्रस्थान किया और देर शाम ज्वाला माता मंदिर पहुंची। यहां श्रद्धालुओं ने भजन-कीर्तन कर भगवान का गुणगान किया।
सोमवार सुबह नौ बजे उत्सव डोली विभिन्न गांवों से होते हुए गोपेश्वर के गोपीनाथ मंदिर पहुंचेगी। इस दौरान ग्राम प्रधान गीता देवी, महिला मंगल दल अध्यक्ष संतोषी कुंवर, बिंदु देवी, कमला, नीलम, देवेंद्र सिंह बिष्ट, मनोज सिंह, योगंबर सिंह कुंवर, जगदीश सिंह कुंवर, पंडित दीनबंधु डिमरी, ज्वाला मंदिर अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह बिष्ट, वीरेंद्र सिंह रावत, योगी नेगी और हरेंद्र सिंह नेगी सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
