उत्तराखंड के रुद्रपुर के मलशी गांव के मदरसे में मौलवी द्वारा बच्चियों से छेड़छाड़ और अश्लील वीडियो दिखाने के मामले में राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल ने बीते सोमवार को पीड़ितों के परिजनों से मुलाकात की। इसके बाद डीएम कार्यालय में एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी के साथ बैठक कर विषयों की जानकारी ली।
बता दें कि, मदरसों या शिक्षण संस्थानों में बच्चियों संग ऐसी घिनौनी हरकतें बर्दाश्त नहीं की जाएंगी। आयोग अध्यक्ष ने एसएसपी को किसी भी मामले में ढिलाई नहीं बरतने के आदेश दिए। कहा, महिलाओं व बच्चियों के साथ जो घटनाएं हुई हैं, वह निंदनीय और बेहद शर्मनाक हैं। इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए समाज के हर वर्ग को जागरूक होना पड़ेगा।
आयोग अध्यक्ष ने मलशी गांव के मदरसे में पीड़ित बच्चियों के अभिभावकों से मुलाकात के दौरान कहा, चिंता का विषय है कि मदरसे जैसी जगहों पर बच्चियां सुरक्षित नहीं हैं। लोगों को जागरूक होना होगा, तभी हम अपने बच्चों को एक सुरक्षित माहौल दे सकेंगे।
परिजनों से अपील की कि वह अपने बच्चों से स्कूल व मदरसों में बिताए समय का फीडबैक अवश्य लें। बैठक में एएसपी मनोज कत्याल, सीओ निहारिका तोमर, एएसडीएम मनीष बिष्ट, कलक्ट्रेट प्रभारी डॉ. अमृता शर्मा आदि थे।